म्हारो वीर शिरोमणि देश, माने प्यारो लागे सा
ऊँचा ऊँचा मंगरा माथे ऊंचो गढ़ चित्तौड़
चारों जगत री गलियां सारी सगळा रो सिरमोर
माने प्यारो लागे सा, हो माने वालो लागे सा
म्हारो वीर शिरोमणि देश, माने प्यारो लागे सा
कल कल करती नदियां बेंवे, बेड़च और बनास
निर्मल थारो नीर माने, गणों सुहावे सा
हो माने प्यारो लागे सा, हो माने वालो लागे सा
म्हारो वीर शिरोमणि देश, माने प्यारो लागे सा
श्री श्री नाथ जी, श्री एकलिंग जी केसरिया गढ़बोर
केसरिया जी केसर माये रेवे सदा सरबोर
माने प्यारो लागे सा, हो माने वालो लागे सा
म्हारो वीर शिरोमणि देश, माने प्यारो लागे सा
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